Saturday, April 5, 2025

विश्व जनसंख्या दिवस अभियान के अंतर्गत जागरूकता रथ को दिखाई हरी झण्डी रैली के माध्यम से बच्चों में तीन साल का अंतर एवं छोटा परिवार रखने का बताया महत्व

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श्योपुर, 11 -7-2024
जनसंख्या स्थिरीकरण एवं प्रजनन दर कम करने हेतु इस वर्ष विश्व जनसंख्या दिवस अभियान मनाया जा रहा है जिसकी थीम ”मॉ और बच्चे की भलाई के लिए गर्भधारण का स्वस्थ समय और अंतर“ एवं इस वर्ष का नारा विकसित भारत की नई पहचान, परिवार नियोजन हर दंपत्ति की शान के साथ लैंगिक समानता, मातृृ एवं शिशु मृृत्यु दर में कमी लाना है
परिवार नियोजन की सेवाओं के प्रति जन समुदाय में जागरूकता लाने के उददेश्य से आज 11 जुलाई को मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे.एस.राजपूत ने परिवार नियोजन जागरूकता रथ को अस्पताल परिसर से हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया गया। रथ के साथ-साथ आशा कार्यकर्ताओं द्वारा रैली निकाली गई।

रैली में परिवार नियोजन के पोस्टर्स के माध्यम से परिवार नियोजन के अस्थाई एवं स्थाई साधनो के उपयोग के बारे में संदेश दिए गए कि बच्चों में तीन साल का अंतर रखने से बच्चे की सही देखभाल से शारीरिक एवं मानसिक विकास के साथ मॉ स्वस्थ्य रहती है।
उल्लेखनीय है कि परिवार कल्याण साधनों के प्रति जागरूकता बढ़ाने एवं परिवार कल्याण साधनों के उपयोग को प्रोत्साहित करने के लिए प्रत्येक वर्ष 11 जुलाई को जनसंख्या स्थिरता दिवस का आयोजन किया जाता है। इस अवसर पर स्वास्थ्य संस्थाओं में जागरूकता रैलियों, नवदम्पत्ति परामर्श कार्यक्रमों, नई पहल किट की रिफिलिंग, सास बहु सम्मेलनों सहित विभिन्न जागरूकता गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इस वर्ष यह दिवस विकसित भारत की नई पहचान, परिवार नियोजन हर दंपत्ति की शान थीम पर मनाया जा रहा है। माह के दौरान जागरूकता गतिविधियों के माध्यम से परिवार कल्याण कार्यक्रम में दंपत्तियों को सहभागिता हेतु प्रेरित किया जाएगा। सामुदायिक स्तर पर नवदंपति सम्मेलन आयोजित किए जाएंगे। जिसमें परिवार नियोजन के साधनों एवं उनके उपयोग की जानकारी दी जाएगी। परिवार कल्याण कार्यक्रम अंतर्गत नवदंपत्तियों को नई पहल किट प्रदान की जा रही है। इस किट में महिलाओं के लिए सौंदर्य प्रसाधन, परिवार नियोजन के साधनों की जानकारी एवं कंडोम व गर्भनिरोधक गोलियां दी जाती हैं। साथ ही प्रेगनेंसी टेस्ट किट भी प्रदान की जाती है। नसबंदी अपनाने पर हितग्राहियों को प्रोत्साहन राशि का भुगतान भी किया जाता है। पुरुष नसबंदी पर राशि 3 हजार, महिला नसबंदी पर 2 हजार एवं प्रसव पश्चात 7 दिवस के अंदर महिला नसबंदी करवाने पर 3000 की राशि प्रदान की जाती है।पीपीआईयूसीडी लगवाने पर रूपये 300 की राशि एवं अंतरा इंजेक्शन पर महिला को रूप्ये 100 प्रदान किए जाते हैं। इसके साथ ही प्रेरक को भी राशि प्रदान की जाती है।

इस अवसर पर जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे.एन.सक्सैना, डॉ. मनोज कुमार कौरव, डीआईओ डॉ. मुकेश मीणा, डीपीएम डॉ सौमित्र बुधोलिया, मीडिया अधिकारी  आर.बी.शाक्य, डीसीएम  अमित श्रीवास आदि सहित समाजसेवी कार्यकर्ता  आशीष पारे,  योगेन्द्र पराशर,  विवेक शर्मा आदि उपस्थित थे।

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